चुदाई का पहला न्योताKamukta

प्रेषक : अमित …

हैल्लो दोस्तों, मेरा नाम अमित है, में कुरुक्षेत्र से हूँ और में एक कॉल बॉय हूँ। मेरी कामुकता डॉट कॉम पर यह पहली स्टोरी है, में आज आपको मेरी पहली कस्टमर के बारे में बताता हूँ। यह बात आज से 2 महीने पहले की है। एक बार मुझे मैल आया कि आप इस एड्रेस पर आ जाओ। तो में सुबह 11 बजे मैल में बताए हुए पते पर पहुँचा और डोरबेल बजाई। तो तब एक सुंदर औरत ने दरवाजा खोला, तो तब मैंने उसे अपना परिचय दिया। फिर उसने मुझे अंदर बुलाया और बैठने को कहा। फिर वो मेरे लिए पानी लाई और मेरे पास बैठ गयी, वो बहुत सुंदर और सेक्सी थी। फिर उसने अपने बारे में बताया कि उसका 1 साल पहले तलाक हो चुका है। अब में हैरान हो गया था कि इतनी सुंदर औरत को कोई तलाक कैसे दे सकता है? फिर उसने बताया कि उसका पति नामर्द था, उसका लंड उठता ही नहीं था, शादी के 6 महीने के बाद ही तलाक हो गया था, में अभी तक वर्जिन हूँ और यह कहकर वो उदास हो गयी। तो तब मैंने कहा कि आप परेशान मत हो, सब ठीक हो जाएगा और अपना हाथ उसके हाथ पर रख दिया।

फिर वो मुझे अपने बेडरूम में ले गयी और बोली कि आप बैठिए, में अभी आती हूँ। फिर थोड़ी देर के बाद जब वो आई तो लाल रंग की साड़ी पहने थी, वो गजब की लग रही थी। फिर वो मेरे पास आकर बैठ गयी और मुझे अपनी बाहों में भर लिया। फिर उसकी गोल-गोल, बड़ी-बड़ी चूचीयाँ जब मेरी छाती से टकराई तो तब मेरा लंड भी खड़ा होने लगा, ये मेरा किसी लड़की के साथ पहला टाईम था। फिर मैंने उसके प्यारे से चेहरे को अपने हाथों में लिया और उसके गुलाबी रसीले होंठो को चूसने लगा था। अब वो मस्त होने लगी थी और फिर अपना एक हाथ मेरे लंड पर रखा। अब मेरा लंड पूरी तरह से तन चुका था। फिर मैंने उसे बेड पर पटका और उसके ब्लाउज के ऊपर से उसके बूब्स को दबाने लगा था। अब वो अपनी आँखे बंद करके मज़े लेने लगी थी। दोस्तों ये कहानी आप कामुकता डॉट कॉम पर पड़ रहे है।

फिर मैंने उसकी साड़ी को उतारना शुरू किया और उसके ब्लाउज और पेटीकोट को भी उतार फेंका था।  अब वो सिर्फ ब्रा और पेंटी में थी, क्या गजब की फिगर थी उसकी? ओह गॉड, अब में तो पागल हो गया था, कसा बदन, गोरा और मखमली, वो बिल्कुल अप्सरा जैसी थी। फिर मैंने जल्दी से उसकी ब्रा और पेंटी भी उतार फेंकी। अब में उसके बूब्स देखकर पागल हो गया था और उन पर टूट पड़ा और उन्हें ज़ोर- ज़ोर से चूसने लगा था। अब वो मौन करने लगी थी आहह, ऊहहहह। फिर थोड़ी देर के बाद में धीरे-धीरे नीचे की तरफ आने लगा। अब मेरा मुँह उसकी काली काली घुंघराली झांटो पर था। फिर मैंने उसकी दोनों टाँगे चौड़ी की और उसकी चूत पर अपना मुँह रख दिया। अब उसकी चूत गीली हो चुकी थी। अब में उसकी चूत की गंध से पागल हो गया था और अपनी जीभ उसकी चूत में डालकर चाटने लगा था।

अब वो काफ़ी मदहोश हो चुकी थी और ज़ोर-ज़ोर से सिसकारियाँ भरते हुए आहह, ऊहहहह कर रही थी।  अब मुझे उसकी चूत को चाटने में बहुत मज़ा आ रहा था। अब मैंने उसकी चूत के पूरे पानी को चाट लिया था। फिर करीब 30 मिनट तक में उसकी चूत को चाटता रहा। अब वो अपने चूतड़ उठा-उठाकर मज़े ले रही थी। फिर थोड़ी देर के बाद वो उठी और मेरे लंड को अपने मुँह में लेकर ज़ोर-ज़ोर से चूसने लगी थी। अब मुझे बहुत मज़ा आ रहा था। फिर 15 मिनट के बाद मैंने उसे उठाया और बेड पर कमर के बल लेटा दिया। फिर मैंने उसकी दोनों टाँगो को अपने कंधो पर रखा और फिर अपने 7 इंच लंबे लंड को उसकी चूत पर रगड़ा। अब वो तो जैसे पागल होकर ज़ोर-ज़ोर से मौन करने लगी थी। फिर मैंने अपने लंड को उसकी चूत में घुसाना शुरू किया, क्या टाईट चूत थी उसकी? फिर मैंने धीरे से मेरे लंड को अंदर धकेलने की कोशिश की। तब मेरा लंड 1 इंच जाने के बाद वो बोल पड़ी कि डालो प्लीज और अंदर डालो। तो तब मैंने एक धक्का लगाया, अब मेरा करीब आधा लंड उसकी चूत में घुस गया था।

अब वो चिल्लाने लगी थी आहह बहुत दर्द हो रहा है, उउउम। फिर में थोड़ी देर तक रुक गया। तो तब वो थोड़ी शांत हुई। फिर मैंने उसके मुँह पर अपना मुँह रखा और एक ज़ोर का धक्का लगाते हुए मेरा पूरा का पूरा लंड उसकी चूत में घुसा दिया। अब वो झटपटाने लगी थी। फिर में थोड़ी देर तक ऐसे ही लेटा रहा। फिर जब वो थोड़ी शांत हुई, तो तब मैंने धक्के मारने शुरू किए। अब कुछ देर के बाद उसको भी मज़ा आने लगा था और अब वो सिसकारियाँ भरने लगी थी। फिर करीब 20 मिनट के बाद में झड़ गया और अब मैंने अपना सारा माल उसकी चूत में डाल दिया था। फिर मैंने उसके चेहरे को देखा। अब उसकी आँखे बंद थी। अब उसका चेहरा खुशी से दमक रहा था, उसके चेहरे पर एक अलग सी खुशी थी। फिर उसने अपनी आँखे खोली और कहा कि थैंक्स, में इस पल को कभी नहीं भूल सकती हूँ। फिर उसके बाद भी उसने मुझे कई बार बुलाया और हम दोनों ने खूब इन्जॉय किया ।।

धन्यवाद …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *